योगी सरकार में मंत्री सुरेश खन्ना आज बरेली दौरे पर रहे जहां उन्होंने कहा की सरकार के संकल्प पत्र में इस बात को खास तौर पर कहा गया था कि हम दो करोड़ मोबाइल और स्मार्टफोन 5 साल में वितरित करेंगे मंत्री सुरेश खन्ना ने कहा कि मुझे कहते हुए इस बात की खुशी है कि लगातार भाजपा सरकार इस दिशा में काम कर रही है 2023 और 24 में 3600 करोड रुपए का बजट क्वांटिटी फई किया था वही वर्ष 2024 और 2025 के लिए 4000 करोड रुपए का बजट क्वांटिटी फई किया गया है पिछले वर्ष 20 लाख से ज्यादा टैबलेट और मोबाइल फोन का वितरण विभिन्न विद्यालयों और इंस्टीट्यूशन में और शिक्षा संस्थानों में वितरित किए गए थे और वही यह प्रक्रिया लगातार जारी है पीएम मोदी ने हर स्तर पर टेक्नोलॉजी का उपयोग करने का संदेश दिया उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने किया है और लगातार यूपी सरकार उसे पर काम कर रहे हैं उन्होंने कहा कि अगर हम टेक्नोलॉजी का प्रयोग नहीं करते आज जो डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर माध्यम से लोगों के अकाउंट में जो पैसा जाता है यह अपने आप में एक बहुत बड़ी क्रांति है हिंदुस्तान के लिए लोगों के कभी कहा जाता था कि जो भी पैसा ऊपर से जाता है बेनेफिशरी को पूरा पैसा नहीं मिलता उन्होंने कहा कि आज मुझे कहते हुए खुशी है कि जिस व्यक्ति के लिए जो पात्र हैं उसको जो कुछ भी भेजना चाहे टेक्नोलॉजी के माध्यम से उसे पैसे को ट्रांसफर किया जा सकता है विभिन्न क्षेत्र में टेक्नोलॉजी का बहुत बड़ा उपयोग है मानव रहित चंद्रयान 3 यात्रा चांद पर करवाई और दुनिया का कोई भी देश जहां नहीं पहुंचा था उसे क्षेत्र में भी पहुंचा इस टेक्नोलॉजी के माध्यम से जीवन में जितना टेक्नोलॉजी का उपयोग होगा उतने हम एडवांस होंगे उतना हम आगे बढ़ेंगे और हमारी नई जनरेशन भी उसकी यूज्ड होगी और उसके माध्यम से हम एक निश्चित रूप से जो भारत कभी सोने की चिड़िया कहलाता था या विश्व गुरु कहलाता था वह चर्चा हमको अचीव करने में बहुत देर नहीं लगेगी अखिलेश यादव पर निशाना चाहते हुए वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने कहा कि अखिलेश यादव को 5 साल मौका मिला था जनता ने उनको 5 साल में नकार दिया 224 की धाती मिली थी उनके पिता के नेतृत्व में जब वो दोबारा चुनाव में आए तो 47 रह गए सुरेश खन्ना का अखिलेश यादव की परीक्षा तो जनता ने खुद कर दी इसके आगे तो कोई परीक्षा और हमारी परीक्षा जनता करती है योगी को 5 साल जनता ने मौका दिया था वह दो बटे तीन बहुमत से वापस आए थे दोनों को क्या कहेंगे जब अखिलेश यादव को मौका मिला तो वो जनता समर्थन को रिप्रेजेंट नहीं कर पाए इन सभी अपनी बातों की वजह से उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव अपने परिवार देखें घर देखें और और अपनी पार्टी देखें जिस तरीके से भाजपा की सरकार चल रही है अनुशासन बहुत जरूरी है घर को चलाने के लिए अनुशासन चाहिए होता है एक घर बिना अनुशासन के नहीं चल सकता इसको जो संज्ञा दे रहे हैं उसे हम बिल्कुल असहमत है वह बिल्कुल हमारे लिए उपयोगी नहीं है उनको इस प्रकार का बयान देने से पहले अपने अपनी पार्टी की तरफ देखना चाहिए





