रुद्रपुर। पूर्व विधायक राजकुमार ठुकराल व समाजसेवी संजय ठुकराल ने शहीदी दिवस पर समर्थकों के साथ शहीद भगत सिंह की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें नमन किया। इस दौरान उन्होंने शहीद सुखदेव, शहीद राजगुरु सहित देश के स्वतंत्रता संग्राम में शहीद हुए महापुरुषों को नमन करते हुए उनकी प्रेरणाओं को अपने जीवन मे उतारने का आहवान किया। ठुकराल ने कहा कि भारत के महान क्रांतिकारी भगतसिंह, सुखदेव और राजगुरु देश की प्रेरणा के पुंज हैं।
उन्होनें कहा कि भगतसिंह, राजगुरु और सुखदेव भारत के वे सच्चे सपूत थे, जिन्होंने अपनी देशभक्ति और देशप्रेम को अपने प्राणों से भी अधिक महत्व दिया और मातृभूमि के लिए प्राण न्यौछावर कर गए। उन्होनें कहा कि यह दिवस न केवल देश के प्रति सम्मान और हिंदुस्तानी होने वा गौरव का अनुभव कराता है, बल्कि वीर सपूतों के बलिदान को भीगे मन से श्रृद्धांजलि देता है। वहीं किसान नेता तजिंदर सिंह विर्क ने कहा की अमर क्रांतिकारियों के बारे में आम मनुष्य की वैचारिक टिप्पणी का कोई अर्थ नहीं है। उनके उज्ज्वल चरित्रों को बस याद किया जा सकता है कि ऐसे मानव भी इस दुनिया में हुए हैं, जिनके आचरण किंवदंति हैं। वहीं समाजसेवी संजय ठुकराल ने कहा शहीद भगतसिंह ने अपने अति संक्षिप्त जीवन में वैचारिक क्रांति की जो मशाल जलाई, उनके बाद अब किसी के लिए संभव न होगी।
आज 23 मार्च को देश के उन तीन सुपूतों को नमन करते हुए शहीद दिवस मनाया जाता है। 23 मार्च 1931 को भगत सिंह,सुखदेव और राजगुरु को फांसी की सजा सुनाई गई थी।
आज 23 मार्च को देश के उन तीन सुपूतों को नमन करते हुए शहीद दिवस मनाया जाता है। 23 मार्च 1931 को भगत सिंह,सुखदेव और राजगुरु को फांसी की सजा सुनाई गई थी।




