बरेली 125 कैंट विधानसभा के माधोबाड़ी बाल्मीकि बस्ती में समाजसेवी डॉ. अनीस बेग ने ‘पीडीए महापंचायत’ और विशाल कंबल वितरण के जरिए अपनी सियासी ताकत का लोहा मनवाया। जहाँ एक ओर सरकार और स्थानीय जनप्रतिनिधि जनता को ठिठुरने के लिए उनके हाल पर छोड़ चुके हैं, वहीं डॉ. बेग ने सैकड़ों जरूरतमंदों को राहत पहुँचाकर सत्तासीनों की नींद उड़ा दी है।
महानगर अध्यक्ष शमीम खान सुल्तानी की अध्यक्षता में आयोजित इस कार्यक्रम में डॉ. अनीस बेग ने सीधे तौर पर व्यवस्था को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा मानव सेवा ही सबसे बड़ा धर्म है, लेकिन अफसोस कि आज गरीबों को उनके हाल पर छोड़ दिया गया है। जब प्रशासन नाकाम हो जाता है, तब हमें सड़कों पर उतरना पड़ता है। हमारा संकल्प है कि कैंट विधानसभा का कोई भी गरीब ठंड से नहीं ठिठुरेगा।”
जातिवाद की राजनीति को सीधी चुनौती
महानगर अध्यक्ष ने मंच से हुंकार भरते हुए कहा कि अब जाति-पाति और भेदभाव के दिन लद चुके हैं। उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव के नेतृत्व में समाजवादी पार्टी की सरकार बनाना अब मजबूरी नहीं, बल्कि जरूरत बन गई है। इस दौरान स्थानीय लोगों में क्षेत्रीय विधायक और प्रशासन के खिलाफ भारी नाराजगी भी दिखी, जिनका आरोप था कि चुनाव के बाद ‘बड़े नेता’ बस्तियों का रास्ता भूल जाते हैं।
बाल्मीकि समाज का मिला भारी समर्थन
कार्यक्रम में कुलदीप बाल्मीकि, दीपक और पंकज बाल्मीकि समेत समाज के युवाओं ने डॉ. बेग का जोरदार स्वागत किया। स्थानीय लोगों ने दबी जुबान में कहा कि जो काम सालों से पद पर बैठे लोग नहीं कर पाए, वो डॉ. बेग ने एक झटके में कर दिखाया। कंबल पाकर बुजुर्गों की आँखों में आँसू थे, जो कहीं न कहीं मौजूदा सिस्टम की विफलता की कहानी बयां कर रहे थे।
कार्यक्रम में मुख्य रूप से स्मिता यादव (जिला अध्यक्ष महिला सभा), गजल अंसारी, हरिओम प्रजापति, राजेश मौर्य और अंकित बाल्मीकि जैसे कद्दावर नेता मौजूद रहे।






