देहरादून। उत्तराखंड के उत्तरकाशी जनपद में पांच अगस्त को आई भीषण प्राकृतिक आपदा में फंसे कुल 343 लोगों को शनिवार 13.15 बजे तक सुरक्षित रेस्क्यू किया गया है। सचिव, राज्य आपदा एवं पुनर्वास, विनोद कुमार सुमन ने यह जानकारी देते हुए कहा कि आज सुबह शुरू हुए रेस्क्यू के दौरान, कुल 226 लोगों को आईटीबीपी मातली जबकि 107 लोगों को हवाई पट्टी चिन्यालीसौड़ और 10 को देहरादून लाया गया।
उन्होंने बताया कि एक जनरेटर लेकर एक चिनूक हेलिकाप्टर ने जॉलीग्रांट से उड़ान भरी जबकि दूसरा चिनूक जनरेटर लेकर धरासू से हर्षिल के लिए भेजा गया। उन्होंने बताया कि रेस्क्यू अभियान को गति देने तथा रेस्क्यू अभियान के लिए जरूरी लॉजिस्टिकल समर्थन प्रदान करने के लिए तीन चीता हेलीकॉप्टर जॉलीग्रांट हवाई अड्डा पहुंच चुके हैं। उन्होंने बताया कि आज सुबह से ही युक़ाडा के हेलीकॉप्टरों द्वारा रेस्क्यू अभियान चलाया जा रहा है। श्री सुमन ने बताया कि इस दौरान, एक GPR, दो मेटल डिटेक्टर तथा सेना के जवानों को लेकर तीन हेलीकॉप्टरों ने हर्षिल के लिए जॉलीग्रांट से उड़ान भरी जबकि एनजीआरआई, हैदराबाद से जीपीआर रडार भी जॉली ग्रांट एयरपोर्ट पहुंचने वाला है। इससे रेस्क्यू कार्यों में और ज्यादा तेजी आएगी।
धराली आपदा प्रभावितों के लिए मुख्यमंत्री ने की घोषणाएं
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जनपद उत्तरकाशी के धराली गांव में आई प्राकृतिक आपदा से प्रभावित लोगों के पुनर्वास एवं राहत के लिए शनिवार को दो महत्वपूर्ण घोषणाएं की हैं। उन्होंने आपदा में पूर्ण रूप से क्षतिग्रस्त मकानों के लिए पांच लाख रुपये की तत्काल सहायता राशि और आपदा में मृतकों के परिजनों को भी पांच लाख रुपये की सहायता राशि प्रदान की जाएगी ताकि उन्हें इस कठिन समय में आर्थिक सहारा मिल सके।




