रुद्रपुर । अपनी विभिन्न मांगों को लेकर जनपद भर से हजारों की संख्या में किसानों ने सैकड़ों ट्रैक्टरों के साथ मुख्य मार्ग पर जोरदार प्रदर्शन करते हुए कलैक्ट्रेट गेट पर धरना दिया। इससे पूर्व जनपद भर से हजारों किसान सैकड़ों ट्रैक्टरों के साथ नारेबाजी करते हुए अलग अलग मार्गों से गुजरते हुए कलक्ट्रेट के समक्ष पहुंचे। जहां पुलिस द्वारा बैरिकेटिंग लगाकर उन्हें रोक लिया गया। कलेक्ट्रेट गेट के समक्ष किसानों ने प्रदर्शन कर धरना शुरू कर दिया । किसान नेताओं ने कहा कि देश के लाखों किसान अपनी न्यायोचित मांगों को लेकर काफी समय से आंदोलित हैं। लेकिन केन्द्र सरकार किसानों को झूठे आश्वासन देकर भ्रमित करती रही है। उन्होंने कहा कि जब तक किसानों की मांगें पूरी नहीं की जाती किसान पीछे नहीं हटेंगे। धरना प्रदर्शन के दौरान किसानों ने किसान एकता जिन्दाबाद के जोरदार नारे भी लगाए गये। इस दौरान भारतीय किसान यूनियन के पदाधिकारियों द्वारा राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन भी सौंपा गया।
ज्ञापन में मूल्य वृद्धि पर नियंत्रण रखें, भोजन, दवाओं, कृषि इनपुट और मशीनरी जैसी आवश्यक वस्तुओं से जीएसटी हटाने, पेट्रोलियम उत्पादों और रसोई गैस पर केंद्रीय उत्पाद शुल्क में कमी करने,वरिष्ठ नागरिकों, महिलाओं, दिव्यांग व्यत्तिफयों, खिलाड़ियों को रेलवे द्वारा कोविड के बहाने वापस ली गई रियायतें बहाल करने, खाद्य सुरक्षा की गारंटी और सार्वजनिक वितरण प्रणाली को सार्वभौमिक बनाने की मांग रखी गई है। ज्ञापन में सभी के लिए मुफ्रत शिक्षा, स्वास्थ्य, पानी और स्वच्छता के अधिकार की गारंटी। नई शिक्षा नीति, 2020 को रद्द करने, सभी को आवास सुनिश्चित करने,वन अधिकार अधिनियम का कड़ाई से कार्यान्वयन, वन (संरक्षण) अधिनियम, 2023 और जैव-विविधता अधिनियम और नियमों में संशोधन वापस लेने,सार्वजनिक क्षेत्र के उद्यमों, सरकारी विभागों का निजीकरण बंद करने , राष्ट्रीय मुद्रीकरण पाइपलाइन ;एनएमपीद्ध को खत्म करने,खनिजों और धातुओं के खनन पर मौजूदा कानून में संशोधन,बिजली ;संशोधनद्ध विधेयक 2022 को वापस लेते हुये प्री-पेड स्मार्ट मीटर की व्यवस्था बंद करने, काम के अधिकार को मौलिक बनाने,मनरेगा का विस्तार,शहरी रोजगार गारंटी अधिनियम बनाया जाये,उर्वरक और बिजली पर सब्सिडी बढ़ाने, किसानों की उपज के लिए एमएसपी की गारंटी दी जाये। इसके साथ ही सभी कृषक परिवारों को कर्ज के जाल से मुत्तफ करने के लिए व्यापककर्ज माफी योजना सहित कई मांगे की गई हैं। धरना स्थल पर पहुंचे जिलाधिकारी उदय राज सिंह को किसानों ने राष्ट्रपति के नाम उपरोक्त ज्ञापन सौपा। जिलाधिकारी ने उपरोक्त ज्ञापन को माननीय राष्ट्रपति को भेजे जाने का आश्वासन दिया। धरना प्रदर्शन के दौरान तराई किसान यूनियन अध्यक्ष तजेन्द्र सिंह,भारतीय किसान यूनियन के प्रदेश अध्यक्ष करम सिंह, जिलाध्यक्ष गुरूसेवक सिंह,मलूक सिंह खण्डा,वरिष्ठ उपाध्यक्ष प्रेम सिंह सहोता,जितेन्द्र सिंह, प्रताप सिंह, इन्द्रजीत सिंह, जगजीत सिंह, देवेन्द्र सिंह, बिन्दर सिंह, विक्की सिंह, परम जोत सिंह, मनविन्दर सिंह भुल्लर, जसैल सिंह, जागीर सिंह, गुरू दयाल सिंह, राजेन्द्र मक्कड़, अवतार सिंह, शीतल सिंह, बलविन्दर सिंह, दर्शन सिंह देवल, संतोष सिंह सहित सैकड़ों की संख्या में किसान मौजूद थे।




