किच्छा। राजस्व विभाग की लापरवाही के कारण अधिग्रहण की गई प्राग फार्म की भूमि में खड़े हरे पेड़ों पर लकड़ी तस्कर रात में ही नहीं बल्कि दिन में भी आरियां चलाकर काट कर ले जा रहे हैं। पेड़ों के चोरी होने की सूचना के बावजूद भी राजस्व विभाग की ओर से अभी तक अज्ञात चोरों, तस्करों के विरुद्ध कोई भी तहरीर थाना में नहीं दी गई है। जिससे सरकारी भूमि में खड़े हरे भरे पेड़ों को काटने के लिए तस्करों के हौसले बुलंद है।
तहसील एवं कोतवाली से कुछ ही दूरी पर स्थित प्रयाग फार्म की भूमि का जिला प्रशासन द्वारा अधिग्रहण किया गया। उस भूमि पर खड़े सैकड़ों पेड़ों पर राजस्व विभाग की लापरवाही के कारण क्षेत्रीय लकड़ी तस्कर रात के अंधेरे में हरे पेड़ों पर आरियां एवं कुल्हाड़ी चलाकर रात रात चोरी कर ले जा रहे हैं। राजस्व विभाग द्वारा उदासीनता बरती जाने पर लकड़ी तस्करों के हौसले बुलंद हैं कि अब दिन में भी हरे पेड़ों पर आरियां चलाकर काट कर ले जा रहे हैं। बीते दिवस अज्ञात लकड़ी तस्करों द्वारा हरे भरे पेड़ों को काटकर ले जाने की सूचना तहसीलदार गिरीश चंद्र पार्टी को दी इसके बावजूद अभी तक राजस्व विभाग की ओर से किसी भी अज्ञात लकड़ी तस्कर के विरुद्ध मुकदमा दर्ज नहीं कराया गया है ओर न ही तहसीलदार गिरीश चंद्र त्रिपाठी ने मौका मुआयना करने की जहमत उठाई है। राजस्व विभाग की इस लापरवाही के कारण लकड़ी तस्करों के हौसले बुलंद होते जा रहे हैं। अब तक तो लकड़ी तस्कर देर रात्रि के अंधेरे में पेड़ों का कटान करते थे अब दिन में भी हरे भरे पेड़ों को काट कर ले जा रहे हैं। सैकड़ों एकड़ में मौजूद हरे भरे पेड़ों को काटकर लकड़ी तस्कर पर्यावरण को भी नुकसान पहुंचा रहे है। जिसकी शिकायत करने पर भी तहसील प्रशासन अपनी आंखे मूंद कर बैठा है तथा लकड़ी तस्करों के हौसले बुलंद हैं कब जागेगा तहसील प्रशासन और कब रुकेगा प्राग फार्म की सरकारी भूमि से लकड़ी कटान का सिलसिला।




